आईआईटी मुंबई के प्रांगण में हिंदी सेवा और राजभाषा के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वालों का सम्मान
मुंबई। मुंबई की प्रतिष्ठित सामाजिक, साहित्यिक एवं सांस्कृतिक संस्था ‘आशीर्वाद’ के हिंदी सेवा के 57 वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर 34वां भाषा सेतु एवं राजभाषा पुरस्कार समारोह भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईटी) मुंबई के संयुक्त तत्वावधान में भव्य रूप से आयोजित किया गया।
समारोह में फिल्म निर्देशक रमेश तलवार, संगीतकार कुलदीप सिंह, निर्देशक तरुण माथुर, वरिष्ठ पत्रकार विमल मिश्र, अभिनेता विष्णु शर्मा, आशीर्वाद के चेयरमैन बृजमोहन अग्रवाल, अध्यक्ष सुधा सिंह, समाजसेवी सुभाष अग्रवाल, आईआईटी मुंबई के डीन प्रो. रवींद्र गुडी, कुलसचिव गणेश बोरकडे, शायरा दीप्ति मिश्रा, सुप्रसिद्ध अभिनेता एवं यूथ आइकन विद्युत जामवाल तथा आशीर्वाद की निदेशक नीता बाजपेयी सहित अनेक गणमान्य अतिथियों ने पुरस्कार प्रदान किए।
कार्यक्रम का शुभारंभ संस्था के सांस्कृतिक सचिव राजेश विक्रांत ने आशीर्वाद की गतिविधियों एवं हिंदी सेवा की यात्रा का परिचय देते हुए किया। ‘अपनी भाषा, अपना गौरव’ विषय पर आयोजित परिचर्चा का संचालन क्राइम पत्रकार विवेक अग्रवाल ने किया। परिचर्चा में आईआईटी मुंबई के संयुक्त कुलसचिव चिंतामणि जोगलेकर, आईआईएम मुंबई के डीन प्रो. निखिल मेहता, एसबीआई के सतीश सिंह तथा बैंक ऑफ इंडिया के सरताज मोहम्मद शकील ने अपने विचार रखे।
राजभाषा हिंदी के उत्कृष्ट कार्यान्वयन के लिए खादी एवं ग्रामोद्योग आयोग, केंद्रीय मात्स्यिकी शिक्षा संस्थान, बैंक ऑफ महाराष्ट्र, बैंक ऑफ इंडिया, यूनियन बैंक, आरसीएफ, हिंदुस्तान पेट्रोलियम, एलआईसी, कोंकण रेलवे और भारतीय कपास निगम सहित विभिन्न संस्थानों को सम्मानित किया गया। गृहपत्रिका वर्ग में आईडीबीआई, न्यूक्लियर पावर कॉरपोरेशन, माझगांव डॉक शिपबिल्डर्स, सेंट्रल बैंक और द न्यू इंडिया एश्योरेंस कंपनी को पुरस्कार प्रदान किए गए। नवोन्मेषी कार्य पुरस्कार आईआईएम मुंबई को दिया गया।
कार्यालयों में हिंदी के प्रभावी प्रचार-प्रसार एवं कार्यान्वयन के लिए ‘आशीर्वाद रत्न सम्मान’ आईआईटी मुंबई के साथ-साथ एलआईसी की कार्यकारी निदेशक गिरिजा सुकुमारन और भारत पेट्रोलियम के कार्यपालक निदेशक शंकर एम. को प्रदान किया गया। ‘गौरव सम्मान’ आईडीबीआई के नरेश बराल एवं बैंक ऑफ महाराष्ट्र के रामचंद्र रागिरी को प्रदान किया गया।
बैंक ऑफ महाराष्ट्र के दृष्टिबाधित प्रबंधक निशांत शाह एवं रक्षा लेखा कार्यालय के नीरज कुमार को ‘प्रेरणा पुरस्कार’ से सम्मानित किया गया, जबकि केंद्रीय कपास अनुसंधान संस्थान की प्राची म्हात्रे को ‘महिला प्रचारक पुरस्कार’ प्रदान किया गया।
अभिनेता एवं यूथ आइकन विद्युत जामवाल ने अपने संबोधन में योग और ध्यान के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि भारतीय संस्कृति का महत्वपूर्ण हिस्सा योग आज के प्रतिस्पर्धात्मक एवं चुनौतीपूर्ण वातावरण में तनाव को नियंत्रित करने तथा मन की शांति बनाए रखने में सहायक है। उन्होंने कहा कि लक्ष्य पर ध्यान केंद्रित रखकर व्यक्ति विभिन्न चुनौतियों का सामना करते हुए आगे बढ़ सकता है। इस अवसर पर उन्होंने लघु वीडियो फिल्म प्रतियोगिता के विजेता आईआईटी के पीएचडी विद्यार्थियों को भी पुरस्कृत किया।
‘आशीर्वाद नव रत्न’ सम्मान
‘आशीर्वाद नव रत्न सम्मान’ साहित्यकार राजेश रेड्डी, अभिनेता विद्युत जामवाल, पद्मश्री डॉ. सोमा घोष, वरिष्ठ मराठी अभिनेत्री उषा नाडकर्णी, डॉ. कृष्ण कुमार मिश्र, समाजसेवी डॉ. अलका पाण्डेय, मुंबई हिंदी पत्रकार संघ के अध्यक्ष आदित्य दुबे, वृत्तचित्र निर्माता संतोषी गुलाबकली मिश्रा, रंगकर्मी एवं एनएसडी प्रशिक्षित अशोक बन्थिया तथा जापान से आईं मायो हितोमी को प्रदान किया गया। मायो हितोमी ने हिंदी में अपने विचार व्यक्त कर उपस्थित लोगों को विशेष रूप से प्रभावित किया।
‘आशीर्वाद मूल साहित्यिक कृति सम्मान’ असलम हसन की ‘पोटली में चांद’, सतीश सिंह की ‘तपती धूप में जिंदगी’ तथा ममता सिंह की ‘बीज और आकाश’ को प्रदान किया गया।
कार्यक्रम का कुशल संचालन प्रख्यात फिल्म निर्माता-निर्देशक, कवि एवं अभिनेता रवि यादव ने किया। पुरस्कारों के चयन में अमर त्रिपाठी, राजेश विक्रांत एवं डॉ. जे. पी. बघेल का महत्वपूर्ण योगदान रहा। प्रख्यात गायक विनोद दुबे की संगीतमय प्रस्तुति ने समारोह में रंग भर दिया।
समारोह में डॉ. बनमाली चतुर्वेदी, डॉ. सुलभा कोरे, वैशाली बहुलकर, आफताब आलम, नवीन चतुर्वेदी, अतुल राजकुले, श्रेयांस शुक्ला, डॉ. मंजुला जगतरामका, अग्निशिला के संपादक एवं आरटीआई एक्टिविस्ट अनिल गलगली, अशोक त्रिवेदी, राजीव रोहित, कृष्णा गौतम, गिरीश सेठिया, शैलेन्द्र श्रीवास्तव, राजकिशोर तिवारी, शामी एन. इरफान, सलाम शेख एवं अनिल कुमार राही सहित बड़ी संख्या में साहित्यसेवी, पत्रकार, सामाजिक कार्यकर्ता एवं हिंदीप्रेमी उपस्थित रहे।
अंत में नीता बाजपेयी ने सभी अतिथियों, पुरस्कार प्राप्तकर्ताओं एवं सहयोगियों के प्रति आभार व्यक्त किया।